Tuesday , June 21 2022

केंद्र सरकार ने Ola, Uber जैसी कैब सेवा कंपनियों को दी चेतावनी

नई दिल्ली:  भारत में कैब एग्रीगेटर्स की मनमानी पर रोक लगाने के लिए सरकार हर संभव प्रयास कर रही है, ताकि ग्राहकों को किसी भी तरह की कोई परेशानी का सामना करना न पड़े। सरकार को ऊबर और ओला जैसी कैब सेवा कंपनियों के बारे में ग्राहकों से काफी शिकायतें मिली हैं, जिनमें प्रमुख तौर पर किराया बढ़ाने और बुकिंग को रद्द करने जैसे मामले हैं। कई मामलों में ऐसा देखा गया है ये कंपनियां नए ग्राहकों से कम किराया वसूलती हैं, जबकि पुराने ग्राहकों से ज्यादा किराया लेती हैं। इसी क्रम में सरकार ने कैब एग्रीगेटर्स को चेतावनी देते हुए कहा कि ग्राहकों की जो भी शिकायतें हैं उनको दूर करें वरना उनके खिलाफ सख्त एक्शन लिया जाएगा।
सरकार ने मंगलवार को राइड-हेलिंग प्लेटफॉर्म के साथ एक बैठक की, जिसमें उनके द्वारा कथित अनफेयर ट्रेड प्रैक्टिस के लिए ग्राहकों की शिकायतों में वृद्धि हुई है, जिसमें राइड कैंसिलेशन पॉलिसी भी शामिल है, क्योंकि ड्राइवर ग्राहकों को बुकिंग स्वीकार करने के बाद ट्रिप रद्द करने के लिए मजबूर करते हैं, जिसके परिणामस्वरूप ग्राहकों को कैंसिलेशन पेनल्टी का भुगतान करना पड़ता है।

सरकार का एक्शन प्लान
कस्टमर अफेयर्स के सचिव रोहित कुमार सिंह ने बताया कि हमने कैब एग्रीगेटर्स को बताया है कि उनके प्लेटफॉर्म पर ग्राहकों की शिकायतों की संख्या में बढ़ोतरी देखने को मिली है। यहां तक हमने कैब एग्रीगेटर्स को शिकायतों की संख्या के आंकड़े भी दिए हैं। हमने उनसे कहा है कि वे अपने सिस्टम में सुधार करें और उपभोक्ता शिकायतों का निवारण करें अन्यथा सक्षम अधिकारी सख्त कार्रवाई करेंगे।

ग्राहकों से काफी मिली हैं शिकायतें

इससे पहले इस मामले को लेकर पिछले हफ्ते केंद्रीय उपभोक्ता संरक्षण प्राधिकरण (सीसीपीए) की मुख्य आयुक्त निधि खरे ने कहा था कि ऊबर और ओला जैसी कैब सेवा कंपनियों के बारे में ग्राहकों से काफी शिकायतें मिली हैं जिनमें प्रमुख तौर पर किराया बढ़ाने और बुकिंग को रद्द करने जैसे मामले हैं।

Leave a Reply

Your email address will not be published.

20 − one =